चंडीगढ़, 19 सितंबर (नरिंदर चावला)। पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने कहा कि पंजाब को केवल कृषि जिंसों के उत्पादन तक सीमित रहने के बजाय मूल्यवर्धित खाद्य अर्थव्यवस्था की दिशा में आगे बढ़ना होगा। इसके लिए किसानों, रसोइयों, खाद्य प्रसंस्करण उद्योग और बाजार के बीच मजबूत तालमेल जरूरी है।
सेक्टर-17 स्थित परेड मैदान में शैफेक्स इंडिया 2026 के उद्घाटन अवसर पर कटारिया ने कहा कि स्वस्थ भोजन की शुरुआत स्वस्थ मिट्टी से होती है। उन्होंने मिट्टी की गुणवत्ता में लगातार आ रही गिरावट पर चिंता जताते हुए कहा कि इसका प्रभाव अब दिखाई देने लगा है।
उन्होंने रसोइयों और खाद्य उद्यमियों से मोटे अनाज (मिलेट्स) और जैविक उत्पादों को बढ़ावा देने का आह्वान किया। उनके अनुसार, ऐसी फसलों और उत्पादों को अपनाना केवल स्वाद का विषय नहीं, बल्कि देश के स्वास्थ्य के प्रति जिम्मेदारी भी है।
700 से अधिक रसोइयों ने लिया हिस्सा
तीन दिवसीय शैफेक्स इंडिया 2026 में 700 से अधिक रसोइये सफेद परिधान में शामिल हुए। इससे आयोजन को खास आकर्षण मिला। यह प्रदर्शनी उत्तर भारत के आतिथ्य और खाद्य सेवा क्षेत्र के लिए एक महत्वपूर्ण व्यावसायिक मंच के रूप में सामने आई है।
प्रदर्शनी में खाद्य उद्यमियों, प्रसंस्करण इकाइयों, आपूर्तिकर्ताओं और उद्योग से जुड़े लोगों को सीधे बाजार से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। यहां जैविक उत्पादों, मोटे अनाज, खाद्य सामग्री, रसोई उपकरणों और आतिथ्य क्षेत्र से जुड़ी तकनीकों का प्रदर्शन किया जा रहा है।
भारतीय खाद्य नवाचारों को वैश्विक मंच तक ले जाने पर जोर
पंजाब सरकार के खाद्य प्रसंस्करण विभाग की प्रधान सचिव राखी गुप्ता भंडारी ने भारतीय कंपनियों द्वारा किए जा रहे नए खाद्य प्रयोगों की सराहना की। उन्होंने कहा कि देश में हो रहे ऐसे नवाचारों को वैश्विक मंच तक ले जाने की जरूरत है।
उन्होंने प्रदर्शनी में डब्ल्यूएबी कैफे के गुलाब-गुलकंद लाटे जैसे नए उत्पादों की भी सराहना की। उन्होंने कहा कि राज्य में महिला उद्यमियों द्वारा विकसित खाद्य ब्रांडों को आगे बढ़ाने में प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य प्रसंस्करण उद्यम उन्नयन योजना (PMFME) महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
बड़ी संख्या में पहुंचे लोग
पीएचडीसीसीआई पंजाब राज्य अध्याय के अध्यक्ष करण गिलहोत्रा ने कहा कि प्रदर्शनी में बड़ी संख्या में लोग नए खाद्य उत्पादों, आतिथ्य क्षेत्र के समाधानों और आकर्षक पाक प्रस्तुतियों को देखने पहुंचे।
उन्होंने कहा कि शैफेक्स इंडिया 2026 का मुख्य फोकस व्यापारिक गतिविधियों पर है। इसमें खाद्य उद्यमों, प्रसंस्करण इकाइयों, आपूर्तिकर्ताओं और उद्योग विशेषज्ञों को एक मंच पर लाया गया है। वहीं, लोगों की बड़ी भागीदारी ने आयोजन को व्यापक जन आकर्षण भी दिया है।
20 सितंबर तक चलेगी प्रदर्शनी
शैफेक्स इंडिया 2026 का आयोजन 20 सितंबर तक जारी रहेगा। प्रदर्शनी में आचार्य मनीष और रसोइये विकास चावला सहित कई प्रमुख हस्तियां भी शामिल होंगी। इस दौरान सुपरफूड और स्वस्थ व्यंजनों के माध्यम से भारत में जनस्वास्थ्य को बेहतर बनाने से जुड़े विषयों पर चर्चा की जाएगी।




